अंततः दिव्यांग जितेंद्र अब बन गया आत्मनिर्भर


आगरा। लगभग दो वर्ष पूर्व एक सड़क दुर्घटना में अपने दोनों पैर गवां बैठे युवा जितेंद्र अब उत्तराखंड की राज्यपाल बेबी रानी मौर्य के प्रयासों से आत्मनिर्भर बन गया है। कृत्रिम पैर लगाए जाने के बाद वह ई रिक्शा चलाकर अपने परिवार का भरण पोषण कर रहा है।

लीडर्स आगरा के महामंत्री,पूर्व पार्षद सुनील जैन ने बताया कि दुर्घटना में पैर गवां चुके जितेंद्र को 2 वर्ष पूर्व रैनवो हॉस्पिटल में तत्कालीन बीजेपी की वरिष्ठ नेता बेबी रानी मौर्य ने सामाजिक संस्था लीडर्स आगरा से ट्राय-साईकल दिलवा कर प्रारंभिक आसरा दिया,उसी समय इसी मुसीबत के समय उसकी पत्नी का प्रसव का समय भी था। लीडर्स आगरा के प्रयास से नगर के प्रमुख चिकित्सक डॉ नरेंद्र मल्होत्रा ने जितेंद्र की पत्नी का प्रसव ऑपरेशन निशुल्क किया था। उसके बाद जितेंद्र ने एक संस्था से दोनो कृतिम पैर लगवाए और अपनी हिम्मत और आत्मबल से ई रिक्शा चलाना शुरू कर अपने परिवार का भरण पोषण की जिम्मेदारी संभाली।

विगत दिवस जितेन्द्र अपने रिक्शे पर सवार हो उत्तराखंड की राज्यपाल श्रीमती बेबी रानी मौर्य से आंखों में आंसू लिए मिलने उनके निज निवास पर लीडर्स आगरा के महामंत्री सुनील जैन के साथ पहुंचा तथा उसने अपने आत्मनिर्भर होने की कहानी सुनाई। उत्तराखंड की राज्यपाल बेबी रानी मौर्य ने उसका सम्मान किया और उसको साधुबाद देते हुए कहा कि दिव्यांग युवा जितेंद्र ने अपने परिश्रम से आत्मनिर्भर बनकर समाज और दिव्यांगों के बीच एक संदेश दिया है।